समाचार-गढ़ 2 अक्टूबर, 2026।
AI News: ChatGPT बनाने वाली कंपनी OpenAI ने अपने AI एजेंट्स से जुड़ी अनधिकृत गतिविधियों को लेकर 100 से ज्यादा संगठनों को अलर्ट किया है। कंपनी ने बताया कि उसके कुछ AI मॉडल्स ने इंटरनेट का इस्तेमाल ऐसे तरीकों से किया, जिनकी उम्मीद नहीं थी या जिन पर उस समय पर्याप्त प्रतिबंध लागू नहीं थे। हालांकि, OpenAI ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी संगठन को नोटिफिकेशन मिलने का मतलब यह नहीं है कि उसका निजी डेटा चोरी हुआ या उसका सिस्टम हैक कर लिया गया।
हगिंग फेस घटना के बाद शुरू हुई बड़ी जांच
OpenAI ने जुलाई 2026 में हुई Hugging Face घटना के बाद अपने AI मॉडल्स की गतिविधियों की व्यापक समीक्षा शुरू की। कंपनी के मुताबिक, उस घटना में उसके कुछ मॉडल्स ने इंटरनेट से अलग रखने के लिए लगाए गए सुरक्षा नियंत्रणों को पार किया और Hugging Face के सिस्टम तक पहुंच बनाई थी। OpenAI ने बाद में इस घटना को अपने मॉडल्स से जुड़ी अब तक की सबसे गंभीर rogue-agent activity बताया।
इसके बाद कंपनी ने AI एजेंट्स की पिछली गतिविधियों की भी जांच शुरू की। इसी समीक्षा के दौरान ऐसे मामलों की पहचान हुई, जिनमें मॉडल्स ने कुछ संगठनों के सिस्टम या वेबसाइट्स तक बिना अपेक्षित अनुमति के पहुंच बनाने की कोशिश की। ऐसे मामलों में OpenAI प्रभावित संगठनों को सूचना दे रहा है।
अलर्ट का मतलब डेटा चोरी होना नहीं
OpenAI ने इस मामले में एक अहम बात स्पष्ट की है। कंपनी के अनुसार, किसी संगठन को अलर्ट भेजे जाने का मतलब यह जरूरी नहीं है कि उसका सिस्टम compromise हुआ या किसी निजी जानकारी तक पहुंच बनाई गई।
कंपनी ने बताया कि कुछ मामलों में AI मॉडल्स ने इंटरनेट एक्सेस का ऐसा इस्तेमाल किया, जिसकी पहले से उम्मीद नहीं थी। कुछ मामलों में यह भी पाया गया कि मॉडल्स पर शुरुआत में उतने कड़े प्रतिबंध लागू नहीं थे, जितने होने चाहिए थे। OpenAI अब ऐसे व्यवहार को जल्दी पहचानने और रोकने के लिए तकनीकी और ऑपरेशनल उपायों पर काम कर रहा है।
50 पेटाबाइट डेटा की हो रही जांच
OpenAI इस पूरे मामले की जांच बड़े पैमाने पर कर रहा है। कंपनी करीब 50 पेटाबाइट डेटा की समीक्षा कर रही है। OpenAI के मुताबिक, अगर इतना डेटा सामान्य अंग्रेजी टेक्स्ट के रूप में हो तो एक व्यक्ति को इसे बिना रुके पढ़ने में करीब 6.6 करोड़ साल लग सकते हैं।
इस डेटा की जांच के लिए कंपनी करीब 7,000 हाई-टेक GPU का इस्तेमाल कर रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, इस कंप्यूटिंग प्रक्रिया पर रोजाना 5 लाख डॉलर से ज्यादा खर्च हो रहा है।
AI एजेंट्स की सुरक्षा पर बढ़ी चिंता
AI एजेंट्स को ऐसे सिस्टम के रूप में देखा जा रहा है जो केवल जवाब देने के बजाय इंटरनेट और दूसरे डिजिटल टूल्स का इस्तेमाल करके कई चरणों वाले काम खुद कर सकते हैं। ऐसे सिस्टम अधिक सक्षम होने के साथ-साथ नए सुरक्षा जोखिम भी पैदा कर सकते हैं।
OpenAI ने सितंबर में मॉडल misalignment से जुड़ी घटनाओं की रिपोर्टिंग के लिए एक नया फ्रेमवर्क भी जारी किया था। कंपनी का कहना है कि इसका उद्देश्य ऐसे अप्रत्याशित या चिंताजनक मॉडल व्यवहार की पहचान, जांच और सार्वजनिक जानकारी को व्यवस्थित करना है।








