समाचार-गढ़ 27 जुलाई 2026।
बिहार: नीट पेपर लीक मामले को लेकर छात्र संगठनों के समर्थन में आयोजित बिहार बंद के दौरान कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार किए गए बिहार के पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव को अदालत ने 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। फिलहाल उन्हें पटना के बेउर केंद्रीय कारागार में रखा गया है। उनकी ओर से आज (सोमवार) सक्षम अदालत में जमानत याचिका दायर की जाएगी।
गिरफ्तारी के बाद जेल पहुंचने पर तेज प्रताप यादव ने सीने में दर्द की शिकायत की, जिसके बाद उन्हें सामान्य बैरक की बजाय जेल के अस्पताल वार्ड में शिफ्ट किया गया। जेल प्रशासन के अनुसार उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
तेज प्रताप यादव की पार्टी जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) ने गिरफ्तारी को असंवैधानिक बताते हुए तत्काल रिहाई और दर्ज मामलों को वापस लेने की मांग की है। पार्टी का आरोप है कि छात्रों के समर्थन में उठाई गई आवाज को दबाने के लिए यह कार्रवाई की गई है।
वहीं, उनके वकील जगन्नाथ सिंह ने गिरफ्तारी की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि तेज प्रताप यादव को शनिवार शाम हिरासत में लिया गया, जबकि संबंधित एफआईआर रविवार तड़के दर्ज की गई। उनका कहना है कि इस कथित विसंगति को जमानत याचिका के दौरान अदालत के सामने रखा जाएगा।








