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जंतर-मंतर पर भीड़ बेकाबू, बैरिकेडिंग तोड़ी:पुलिस का लाठीचार्ज, संसद मार्च में देरी; दीपके बोले- हमें कोई नहीं रोक सकता

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समाचार गढ़। कॉकरोच जनता पार्टी के संसद मार्च के पहले पुलिस और प्रदर्शनकारी आमने-सामने आ गए है। पुलिस ने भारी बैरिकेडिंग कर रखी है। प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने नहीं दे रही है। 10 हजार से ज्यादा लोग मौजूद हैं।
इससे भीड़ बेकाबू हो गई है। लोगों ने बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज किया। CJP का मार्च सुबह 9 बजे शुरू होना था, लेकिन बैरिकेडिंग की वजह से दे हो रही है। CJP फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा कि हमें कोई नहीं रोक सकता है। पुलिस का कहना है कि मार्च की परमिशन नहीं दी है।
उधर, 23 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक ने अनशन खत्म करने की 3 शर्तें रखी हैं। पहली- सरकार शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक की जिम्मेदारी ले। दूसरी- CJP प्रतिनिधिमंडल को संसद जाने दिया जाए और सांसद मुद्दा उठाने का भरोसा दें। तीसरी- स्वास्थ्य कारणों से ऐसा संभव न हो तो सांसद सफदरजंग अस्पताल आकर यही आश्वासन दें।
नीट (NEET) पेपर लीक मामले और देश में बढ़ती बेरोजगारी के खिलाफ कॉकक्रोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन अब और उग्र हो गया है. आज यानी 20 जुलाई 2026 से संसद के मानसून सत्र की शुरुआत हो रही है. इसी के साथ CJP ने एक बड़े ‘चलो संसद’ मार्च का ऐलान किया है.
इस मार्च के समर्थन में देश भर से छात्र, प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थी और उनके पेरेंट्स 19 जुलाई की शाम से ही दिल्ली के जंतर-मंतर पर जुटने शुरू हो गए थे.
संसद के मॉनसून सत्र के बीच इस बड़े आंदोलन को देखते हुए दिल्ली पुलिस और खुफिया एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट पर हैं. जंतर-मंतर पर सुरक्षा व्यवस्था के खास इंतजाम किए गए हैं.
धारा 163 लागू, नियमों का उल्लंघन करने पर होगी जेल
डीसीपी सचिन शर्मा ने बताया कि मानसून सत्र और प्रदर्शन को देखते हुए नई दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 (पुरानी धारा 144) लागू कर दी गई है. इसके तहत पांच या उससे ज्यादा व्यक्तियों के जमा होने, विरोध प्रदर्शन करने, जुलूस निकालने या धरना देने पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा. सिर्फ जंतर-मंतर पर, वो भी पूर्व अनुमति के साथ, शांतिपूर्ण प्रदर्शन की छूट होगी.
पुलिस ने चेतावनी दी है कि जो भी व्यक्ति इन निषेधाज्ञा आदेशों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 और अन्य कानूनी प्रावधानों के तहत मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी. दिल्ली पुलिस ने सभी नागरिकों से कानून का सम्मान करने और किसी भी अनधिकृत मार्च में शामिल न होने की अपील की है.

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