Nature Nature

NCRB Data: 10 साल में चार गुना बढ़े बच्चियों से रेप के दर्ज मामले, 2024 में 43,675 पीड़ित; 86% केस अदालतों में लंबित

Nature

समाचार-गढ़ 29 सितंबर, 2026।

नई दिल्ली। बिहार के जमुई-समस्तीपुर से लेकर बांका, दिल्ली के कालकाजी और ओडिशा के धेनकनाल तक हाल के दिनों में सामने आई बच्चियों और महिलाओं से जुड़ी यौन हिंसा की घटनाओं ने सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाई है। इन घटनाओं के बीच नेशनल क्राइम रिकॉर्ड्स ब्यूरो (NCRB) के आंकड़े देश में नाबालिग बच्चियों से जुड़े यौन अपराधों की स्थिति पर एक व्यापक तस्वीर सामने रखते हैं।

NCRB के आंकड़ों के मुताबिक, 2015 में 18 साल से कम उम्र की 10,934 बच्चियों को रेप के मामलों में पीड़ित के तौर पर दर्ज किया गया था। 2024 में यह संख्या बढ़कर 43,675 हो गई। यानी दर्ज मामलों/पीड़ितों की संख्या एक दशक में करीब चार गुना हो गई। हालांकि, पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज आंकड़ों पर रिपोर्टिंग और मामले दर्ज होने की प्रवृत्ति का भी असर पड़ता है।

2020 से 2024 के बीच 1.83 लाख बच्चियां रेप मामलों में पीड़ित

POCSO के तहत दर्ज आंकड़ों को देखें तो 2020 से 2024 के बीच करीब 1.83 लाख नाबालिग बच्चियां रेप के मामलों में पीड़ित के तौर पर दर्ज हुईं। इस अवधि में यह POCSO के तहत दर्ज यौन अपराधों की सबसे बड़ी श्रेणी रही।

इसी पांच साल की अवधि में यौन हमला (बिना पेनेट्रेशन) के 96,505 मामले दर्ज किए गए। इसके अलावा यौन उत्पीड़न (छेड़छाड़) के 12,807, बच्चों को पोर्नोग्राफी के लिए इस्तेमाल करने से जुड़े 2,924 और यौन अपराधों की अन्य श्रेणियों में 3,034 मामले दर्ज किए गए।

16 से 18 साल की बच्चियां सबसे ज्यादा प्रभावित

उम्र के हिसाब से आंकड़ों को देखें तो 16 से 18 साल की बच्चियां सबसे ज्यादा प्रभावित रहीं। 2020 से 2024 के बीच इस आयु वर्ग में 94,503 रेप के मामले दर्ज किए गए।

वहीं 12 से 16 साल की उम्र की बच्चियों से जुड़े 70,442 मामले दर्ज हुए। इन दोनों आयु वर्गों को मिलाकर 1,64,945 मामले होते हैं, जो 1.83 लाख के कुल आंकड़े का करीब 90 प्रतिशत है। यानी दर्ज मामलों में हर 10 में से करीब 9 पीड़ित 12 से 18 साल की उम्र के आयु वर्ग में थे।

बच्चियों को न्याय मिलने में भी बड़ी चुनौती

NCRB के आंकड़े केवल मामलों की संख्या ही नहीं, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया में लंबित मामलों की स्थिति की ओर भी ध्यान खींचते हैं। 2024 में बच्चियों से जुड़े रेप मामलों में दोषसिद्धि दर करीब 30 प्रतिशत रही, जबकि 86 प्रतिशत मामले अदालतों में लंबित थे।

इसका मतलब यह है कि बड़ी संख्या में मामले दर्ज होने के बावजूद उनका अंतिम न्यायिक निपटारा उसी अवधि में नहीं हो पाया। POCSO मामलों के लिए विशेष और फास्ट-ट्रैक व्यवस्था होने के बावजूद लंबित मामलों का इतना बड़ा हिस्सा न्यायिक प्रक्रिया की गति को लेकर सवाल खड़े करता है।

97 प्रतिशत मामलों में आरोपी जान-पहचान का

NCRB के आंकड़ों में एक और महत्वपूर्ण पहलू सामने आता है। 2024 में बच्चियों से जुड़े रेप के 97 प्रतिशत मामलों में आरोपी पीड़िता का जान-पहचान वाला व्यक्ति था। यानी ज्यादातर मामलों में आरोपी कोई अजनबी नहीं, बल्कि पीड़िता के सामाजिक या आसपास के दायरे में मौजूद व्यक्ति था।

इनमें जान-पहचान वाले लोगों के अलावा दोस्त, रिश्तेदार, पड़ोसी और शादी का झांसा देने वाले व्यक्ति जैसी श्रेणियां भी शामिल हैं। उपलब्ध NCRB-आधारित विश्लेषण में यह भी सामने आया है कि 2024 में POCSO की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज मामलों में जान-पहचान वाले आरोपियों की हिस्सेदारी बेहद अधिक थी।

आंकड़े क्या बताते हैं?

2015 से 2024 के बीच 18 साल से कम उम्र की बच्चियों से जुड़े दर्ज रेप पीड़ितों की संख्या 10,934 से बढ़कर 43,675 हो गई। वहीं 2020 से 2024 के बीच 1.83 लाख नाबालिग बच्चियां रेप मामलों में पीड़ित के तौर पर दर्ज हुईं।

उम्र के आंकड़ों में 16-18 साल का वर्ग सबसे ऊपर रहा, जबकि न्यायिक प्रक्रिया में 86 प्रतिशत मामलों के लंबित रहने और 2024 में करीब 30 प्रतिशत दोषसिद्धि दर ने न्याय मिलने की प्रक्रिया को लेकर भी गंभीर तस्वीर सामने रखी।

इन आंकड़ों के साथ यह समझना भी जरूरी है कि NCRB का डेटा पुलिस में दर्ज मामलों पर आधारित होता है। इसलिए दर्ज मामलों में बदलाव को सीधे तौर पर वास्तविक अपराधों में उसी अनुपात की बढ़ोतरी के रूप में नहीं पढ़ा जा सकता।

  • Related Posts

    India New Economy Forum: पीएम मोदी का ‘पावर टू एम्पावर’ संदेश, बोले- भारत वैश्विक बदलाव में निभाएगा बड़ी भूमिका

    समाचार-गढ़ 13 अक्टूबर, 2026। India New Economy Forum 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार, 13 अक्टूबर को नई दिल्ली में आयोजित ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फोरम में भारत की आर्थिक सोच…

    25 हजार पेंसिल से बनाई मां दुर्गा की अनोखी प्रतिमा, गया के कलाकार विक्की बिंदु की कला देख रह जाएंगे हैरान

    समाचार-गढ़ 13 अक्टूबर, 2026। मां दुर्गा की प्रतिमा आपने मिट्टी, लकड़ी और कई तरह की सजावटी चीजों से बनी देखी होगी, लेकिन क्या आपने कभी पेंसिल, रबड़ और कटर से…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    India New Economy Forum: पीएम मोदी का ‘पावर टू एम्पावर’ संदेश, बोले- भारत वैश्विक बदलाव में निभाएगा बड़ी भूमिका

    India New Economy Forum: पीएम मोदी का ‘पावर टू एम्पावर’ संदेश, बोले- भारत वैश्विक बदलाव में निभाएगा बड़ी भूमिका

    25 हजार पेंसिल से बनाई मां दुर्गा की अनोखी प्रतिमा, गया के कलाकार विक्की बिंदु की कला देख रह जाएंगे हैरान

    25 हजार पेंसिल से बनाई मां दुर्गा की अनोखी प्रतिमा, गया के कलाकार विक्की बिंदु की कला देख रह जाएंगे हैरान

    Pakistan News: ग्वादर में कोस्ट गार्ड की 2 नावों पर हमला, 13 जवानों की मौत का दावा; BLA की नई समुद्री यूनिट का नाम आया सामने

    Pakistan News: ग्वादर में कोस्ट गार्ड की 2 नावों पर हमला, 13 जवानों की मौत का दावा; BLA की नई समुद्री यूनिट का नाम आया सामने

    Kashmir News: सोपोर के जंगल में गुफा से मिला हथियारों का जखीरा, AK-47, 11 ग्रेनेड और 3 IED बरामद

    Kashmir News: सोपोर के जंगल में गुफा से मिला हथियारों का जखीरा, AK-47, 11 ग्रेनेड और 3 IED बरामद

    America Fish Rain: जब अमेरिका में आसमान से गिरने लगीं मछलियां, लोगों के सिर पर भी बरसीं; क्या थी वजह?

    America Fish Rain: जब अमेरिका में आसमान से गिरने लगीं मछलियां, लोगों के सिर पर भी बरसीं; क्या थी वजह?

    Nepal Flood: बूढ़ी गंडकी नदी में तबाही, 6 पुल और 35 से ज्यादा घर बहे; 10 लोग लापता

    Nepal Flood: बूढ़ी गंडकी नदी में तबाही, 6 पुल और 35 से ज्यादा घर बहे; 10 लोग लापता
    Social Media Buttons
    error: Content is protected !!
    Verified by MonsterInsights