समाचार गढ़ 10 मार्च 2026। राजस्थान में रबी सीजन 2026 के तहत किसानों से सरसों और चना की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीद की तैयारियां तेज हो गई हैं। राज्य सरकार ने केंद्र से मंजूरी मिलने के बाद खरीद प्रक्रिया शुरू करने की रूपरेखा तय कर ली है। इसके तहत किसानों का ऑनलाइन पंजीकरण चरणबद्ध तरीके से शुरू किया जाएगा।
गौतम कुमार दक, जो राजस्थान सहकारिता विभाग में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हैं, ने बताया कि केंद्र सरकार की अनुमति मिलने के बाद प्रदेश में खरीद कार्य RAJFED के माध्यम से कराया जाएगा।
अलग-अलग क्षेत्रों में अलग तिथियां
सरकार ने क्षेत्रीय कार्यालयों के अनुसार रजिस्ट्रेशन और खरीद की तिथियां तय की हैं।
कोटा, अजमेर, भरतपुर और श्रीगंगानगर क्षेत्रीय कार्यालयों में किसानों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन 15 मार्च से शुरू होगा और 25 मार्च से खरीद प्रारंभ की जाएगी।
वहीं जयपुर, जोधपुर, उदयपुर और बीकानेर क्षेत्रों में 20 मार्च से पंजीकरण शुरू होगा और 1 अप्रैल से खरीद की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
सरसों और चना के MSP तय
भारत सरकार ने इस वर्ष सरसों और चना के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित कर दिया है।
सरसों: 6,200 रुपए प्रति क्विंटल
चना: 5,875 रुपए प्रति क्विंटल
राज्य में सरसों की 13.78 लाख मीट्रिक टन और चना की 5.53 लाख मीट्रिक टन तक खरीद का लक्ष्य तय किया गया है।
खरीद एजेंसियां भी तय
प्रदेश के कुछ जिलों में खरीद का जिम्मा National Agricultural Cooperative Marketing Federation of India (नैफेड) को दिया गया है, जबकि कुछ जिलों में यह कार्य National Cooperative Consumers’ Federation of India (एनसीसीएफ) द्वारा किया जाएगा।
अजमेर, जोधपुर, बीकानेर और कोटा क्षेत्रीय कार्यालयों के अंतर्गत आने वाले 19 जिलों में एनसीसीएफ खरीद करेगा। वहीं जयपुर, उदयपुर, श्रीगंगानगर और भरतपुर क्षेत्रीय कार्यालयों के तहत आने वाले 22 जिलों में नैफेड द्वारा खरीद की जाएगी।
ऐसे कर सकेंगे किसान रजिस्ट्रेशन
किसान अपने मोबाइल से QR कोड स्कैन करके या नजदीकी e‑Mitra केंद्र पर जाकर ऑनलाइन पंजीकरण करवा सकेंगे। खरीद के समय किसानों की **आधार आधारित बायोमीट्रिक पहचान अनिवार्य होगी।
केंद्र सरकार की गाइडलाइन के मुताबिक नैफेड और एनसीसीएफ को खरीद प्रक्रिया 60 दिनों के भीतर पूरी करनी होगी।
किसानों को दी गई जरूरी सलाह
सहकारिता मंत्री ने राजफेड को निर्देश दिए हैं कि सभी खरीद केंद्रों पर जरूरी व्यवस्थाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं। साथ ही किसानों से अपील की गई है कि वे एफएक्यू (Fair Average Quality) मानकों के अनुसार साफ और छनी हुई फसल ही मंडियों या खरीद केंद्रों पर लाएं, ताकि खरीद में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
सहायता के लिए कॉल सेंटर
किसानों की सहायता के लिए RAJFED ने एक कॉल सेंटर भी शुरू किया है। किसान 18001806001 नंबर पर संपर्क कर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।










