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जुलाई में शेयर बाजार की शानदार बढ़त, IT सेक्टर बना स्टार परफॉर्मर; FPI की वापसी से मिला बाजार को सहारा

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समाचार-गढ़ 1 अगस्त, 2026।

नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार के लिए जुलाई का महीना बेहद सकारात्मक रहा। निफ्टी में 2.2% और सेंसेक्स में 2.1% की बढ़त दर्ज की गई। मजबूत तिमाही नतीजों, विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) की वापसी और वैश्विक बाजारों में AI शेयरों की बिकवाली के बीच भारतीय बाजार को अच्छा समर्थन मिला।

आंकड़ों के अनुसार, पिछले 25 वर्षों में 19वीं बार जुलाई का महीना निफ्टी और सेंसेक्स के लिए बढ़त वाला रहा। शुक्रवार को सेंसेक्स 167 अंक (0.2%) चढ़कर 78,095 पर और निफ्टी 67 अंक (0.3%) बढ़कर 24,384 पर बंद हुआ। इस दौरान बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन 12 लाख करोड़ रुपये बढ़कर 486 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया।

जुलाई में सबसे दमदार प्रदर्शन IT सेक्टर का रहा। निफ्टी IT इंडेक्स 16.8% उछला, जो जुलाई 2020 के बाद इसका सबसे बेहतर मासिक प्रदर्शन है। HCL Technologies, TCS और Tech Mahindra इस तेजी के प्रमुख लाभार्थी रहे। HCL Technologies का शेयर 25.7% चढ़ा और यह निफ्टी का सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाला शेयर रहा। इसके अलावा Bajaj Auto (18.6%), Tech Mahindra (17.6%), TCS (16.4%) और Eternal (14.3%) में भी मजबूत बढ़त दर्ज की गई।

चार महीनों तक लगातार बिकवाली के बाद FPI जुलाई में भारतीय बाजार के शुद्ध खरीदार बने। महीने के अंतिम दिनों में विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयरों में निवेश बढ़ाया, जिससे बाजार को मजबूती मिली। इस दौरान भारतीय बाजार ने दक्षिण कोरिया, जापान, ताइवान और चीन के प्रमुख एशियाई बाजारों के साथ-साथ S&P 500 और Nasdaq Composite की तुलना में भी बेहतर प्रदर्शन किया।

हालांकि, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के चलते ब्रेंट क्रूड 18.3% बढ़कर 87.8 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, लेकिन विदेशी निवेशकों की खरीदारी ने इसके असर को काफी हद तक संतुलित रखा।

वहीं, Bajaj Finance के मजबूत तिमाही नतीजों के बाद उसका शेयर 8.1% चढ़ा और वह सेंसेक्स का सबसे बड़ा योगदान देने वाला शेयर रहा।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के शोध प्रमुख विनोद नायर के अनुसार, बाजार की आगे की दिशा काफी हद तक कंपनियों के तिमाही नतीजों पर निर्भर करेगी। उनका कहना है कि निवेशक यह देखना चाहेंगे कि कमाई में सुधार केवल कुछ सेक्टर तक सीमित है या पूरे बाजार में इसका असर दिखाई देता है।

शुक्रवार के कारोबार में बाजार की चौड़ाई भी सकारात्मक रही। 2,522 शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 1,722 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। वहीं, FPI ने 278 करोड़ रुपये और घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 2,260 करोड़ रुपये के शेयरों की खरीदारी की।

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