समाचार गढ़ 1 मई 2025। गांव धीरदेसर चोटियान में शराब ठेके को बंद करने की मांग को लेकर ग्रामीणों का धरना 244वें दिन भी जारी रहा। गांव के युवा, बुजुर्ग और बच्चे पिछले आठ महीने से अधिक समय से खुले मैदान में डटे हुए हैं। कड़ाके की सर्दी से लेकर अब इस भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों के बीच भी वे अपनी मांग पर अडिग हैं।
प्रदर्शनकारी शांतिपूर्ण ढंग से शराबबंदी की मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इस भीषण गर्मी में जहां प्रशासन लू से बचाव के लिए योजनाएं बना रहा है, वहीं खुले टेंटों के नीचे धरना दे रहे ग्रामीणों की अनदेखी की जा रही है। इससे आमजन में यह बड़ा सवाल उठ खड़ा हुआ है कि आखिर प्रशासन किसके दबाव में कार्य कर रहा है?
धरनास्थल पर आज एडवोकेट श्याम सुंदर आर्य, सांवरमल सहू, मालाराम, श्यामसिंह सारण, शंकर, ओमप्रकाश, रामनिवास, दिनेश, भरत, किशनलाल व किशन चोटिया सहित कई लोग उपस्थित रहे और ग्रामीणों के संघर्ष को समर्थन दिया।
ग्रामीणों का कहना है कि वे अब भी शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज उठा रहे हैं, लेकिन यदि उनकी बात नहीं सुनी गई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।











