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महिला लेखन, बाल साहित्य सृजन, इतर साहित्यिक लेखन पुरस्कार और सामाजिक सरोकार सम्मान के लिए प्रविष्टियां आमंत्रित

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समाचार-गढ़, 18 मई 2023. मौलिक महिला लेखन, बाल साहित्य सृजन, इतर साहित्यिक लेखन और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यो को प्रोत्साहित करने के लिए राष्ट्रभाषा हिन्दी प्रचार समिति, श्रीडूंगरगढ द्वारा पुरस्कार व सम्मान के लिए प्रविष्टियां-प्रस्ताव आमंत्रित किए गये हैं। संस्थाध्यक्ष श्याम महर्षि ने बताया कि आधी दुनिया के रूप में ख्यात महिला वर्ग में साहित्य के प्रोत्साहन, बच्चों के समग्र विकास के लिए बाल साहित्य लेखन, इतर साहित्यिक लेखन और गरीब, बेसहारा, जरूरतमंद तबके के कल्याण हेतु सामाजिक सरोंकारों को समर्पित व्यक्तित्व की समाज सेवा को मान देने हेतु श्री शिवप्रसाद सिखवाल स्मृति महिला लेखन पुरस्कार, श्री श्याम सुंन्दर नागला स्मृति बाल साहित्य सृजन पुरस्कार, साहित्य के इतर विषयों से जुड़े सुरेश कंचन ओझा लेखन पुरस्कार और श्री रामकिशन उपाध्याय स्मृति समाज सेवा सम्मान के लिए प्रस्ताव-प्रविष्टियां आमंत्रित की गई हैं। कोषाध्यक्ष रामचन्द्र राठी ने कहा कि उक्त सभी पुरस्कार-सम्मान ग्यारह-ग्यारह हजार रूपये के होंगे और 14 सितम्बर, 2023 को संस्था के वार्षिकोत्सव के अवसर पर आयोज्य समारोह में प्रदान किए जायेंगे ।. संस्था मंत्री व पुरस्कार समिति संयोजक रवि पुरोहित ने जानकारी साझा करते हुए बताया कि महिला लेखन, बाल साहित्य सृजन एवं इतर साहित्यिक लेखन पुरस्कार हिन्दी भाषा की विगत सात वर्षो में प्रकाशित मौलिक कृति पर दिया जायेगा। पुरस्कार के लिए आवेदक की आवेदित पुस्तक या प्रस्तावक द्वारा प्रस्तावित मौलिक लेखन की किसी भी विधा की पुस्तक पुरस्कार वर्ष से 7 वर्ष पूर्व तक की कालावधि में प्रकाशित होनी चाहिए । इस वर्ष 2023 के पुरस्कार हेतु वर्ष 2016 से 2022 तक के प्रकाशन ही विचारार्थ स्वीकार्य होंगे । पुरस्कार हेतु आवेदित या प्रस्तावित कृति साहित्य की किसी भी विधा में हो सकती है परन्तु विश्वविद्यालय की डिग्री या अन्य परियोजनाओं के तहत किए गए कार्य या शोध इस हेतु मान्य नहीं होंगे । सम्पादित कृतियां, विवरणिकाएं, स्मृति या अभिनन्दन-ग्रंथ, रचना समग्र, स्मारिकाएं आदि पुरस्कार की मौलिक लेखन की परिभाषा में शामिल नहीं होंगी। सुरेश कंचन ओझा लेखन पुरस्कार में शिक्षा, पत्रकारिता, चिकित्सा, विधि, मोटीवेशन, कृषि आदि समस्त विषयों (साहित्यिक विधाओं के इतर) की हिन्दी में रचित पुस्तकें विचारार्थ स्वीकार्य होगी। श्री रामकिशन उपाध्याय स्मृति समाज सेवा सम्मान हेतु आवेदक या प्रस्तावक को प्रस्तावित व्यक्ति के विगत 10 वर्षो के सामाजिक अवदान का विवरण, पुष्टिकारक साक्ष्य सहित संलग्न करना होगा। इस सम्मान में राजनीतिक सेवाओं, पदीय दायित्वों की सेवाओं और वैतनिक रूप में अर्पित की गई सेवाओं पर विचार नहीं किया जाएगा।
पुरस्कार हेतु विहित अवधि में प्रकाशित पुस्तक की एक प्रति मय संक्षिप्त परिचय एवं फोटो तथा समाज सेवा सम्मान हेतु परिचय, फोटो, सामाजिक अवदान का विवरण, पुष्टिकारक साक्ष्य सहित प्रविष्टि 30 जून 2023 तक मंत्री, राष्ट्रभाषा प्रचारसमिति श्रीडूंगरगढ संस्कृति भवन, एन.एच.11 जयपुर रोड, श्रीडूंगरगढ (बीकानेर) राज0 331803 के पते पर निःशुल्क पहुंच जानी चाहिए । प्राप्त पुस्तकें वापस नहीं लौटाई जावेगी और सम्मान-पुरस्कार हेतु गठित समिति का निर्णय अन्तिम होगा । संस्था द्वारा ये पुरस्कार व सम्मान प्रतिवर्ष अर्पित किये जाने वाले श्री मलाराम माली स्मृति साहित्यश्री सम्मान, डॉ. नंदलाल महर्षि स्मृति हिन्दी साहित्य सृजन पुरस्कार एवं पं. मुखराम सिखवाल स्मृति राजस्थानी साहित्य सृजन पुरस्कार के अतिरिक्त होंगे। अंतिम रूप से चयनित कोे सम्मान-पुरस्कार स्वरूप ग्यारह हजार रूपये नगद राशि, सम्मान-पत्र, स्मृति-चिह्न, शॉल आदि भी यथा संस्था निर्णय अर्पित किए जायेंगे । पुरस्कार-सम्मान निर्णय की घोषणा अगस्त माह में की जावेगी ।
इस वर्ष दो नए पुरस्कार
संगठन मंत्री महावीर सारस्वत ने बताया कि संस्था ने पूर्व से प्रति वर्ष दिए जाने वाले 5 पुरस्कार व सम्मान के अलावा इस वर्ष से दो नए पुरस्कार श्री श्याम सुंन्दर नागला स्मृति बाल साहित्य सृजन पुरस्कार एवं सुरेश कंचन ओझा लेखन पुरस्कार प्रारम्भ किये हैं। ये दोनों ही पुरस्कार ग्यारह-ग्यारह हजार रुपए के होंगे और संस्था के वार्षिकोत्सव 14 सितम्बर को अर्पित किये जायेंगे।

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