समाचार गढ़, श्रीडूंगरगढ़, 11 जुलाई 2025।
ग्राम पंचायत ठुकरियासर के प्रशासक पद से सरपंच अमराराम गांधी को हटाए जाने के आदेशों के खिलाफ गांव में विरोध की लहर तेज हो गई है। शुक्रवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण व कांग्रेस नेता अमराराम गांधी के समर्थन में बाना पहुंचे और उपखंड अधिकारी कार्यालय के बाहर जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर मुख्यमंत्री के नाम भेजा और कार्यवाही को एकतरफा एवं अन्यायपूर्ण बताते हुए आदेश को निरस्त करने की मांग की।
सरपंच अमराराम गांधी ने आरोप लगाया कि उन्हें पहले भी कार्यकाल के दौरान चुनावी रंजिश के चलते बार-बार परेशान किया गया और अब इस कार्रवाई के जरिए अन्याय की सारी सीमाएं पार कर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि विरोधी गुट के प्रभाव में झूठी रिपोर्ट बनाकर पंचायती राज विभाग को भेजी गई और बिना पक्ष सुने कार्रवाई कर दी गई, जो पूर्णतः अन्याय है। गांधी ने यह भी आरोप लगाया कि चुनावी रंजिश के चलते उनके खिलाफ झूठी एफआईआर भी दर्ज करवाई गई, जिसकी जांच अभी जारी है।
इस मौके पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य हरिराम बाना ने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह लोकतंत्र की हत्या है और इसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आदेश निरस्त करने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन में कांग्रेस नेता और ग्रामीणों में पूर्व पंचायत समिति सदस्य लालचंद नाई, पूर्णाराम गोदारा, हड़मानसिंह गोदारा, मालाराम गोदारा, गंगाराम मेघवाल, तोलाराम जाखड़, वार्ड पंच भंवरलाल मेघवाल, पेमाराम सारण, हेतराम, बुधाराम गांधी, नरसाराम, ओमप्रकाश, लालचंद गोदारा, शंकरलाल गोदारा, चुन्नीलाल गांधी, प्रकाश गांधी, भागुराम जाखड़, बीरबलराम कड़वासरा, कानाराम बिरट, पूर्व सरपंच उमाराम गोदारा, पूर्व सरपंच लालचंद नाई, डूंगरराम सींवर, बिरबल देहडू, मुखराम, कोजाराम सहित कई लोग शामिल रहे।
प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा कि प्रशासन की मनमानी और तानाशाही को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और न्याय के लिए संघर्ष जारी रहेगा।











