किसानों को भावी पीढ़ी को बचाने के लिए संगठित होकर संघर्ष करना होगा:-बगड़िया
सूडसर के भादू सदन में आयोजित हुआ अभाकिस पदाधिकारी सम्मान समारोह
सूडसर कस्बे में बुधवार को अखिल भारतीय किसान सभा के नवनियुक्त पदाधिकारियों का सम्मान समारोह आरसी भादू सदन में आयोजित हुआ। इस सम्मान समारोह सम्मेलन में किसान सभा के प्रदेश व जिला स्तरीय पदाधिकारी भी शामिल हुए। अखिल भारतीय किसान सभा के जिलाध्यक्ष कामरेड गिरधारीलाल महिया के स्वागत संबोधन के साथ समारोह की शुरुआत हुई। जिलाध्यक्ष ने श्रीडूंगरगढ़ तहसील व सूडसर उप तहसील के नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई दी और बाहर से आए किसान सभा के पदाधिकारियों का अभिनंदन किया एवं सम्मान समारोह में पहुंचे सभी किसानों का आभार जताया। खेत मजदूर यूनियन के रामरतन बगड़िया ने कहा कि सरकारों की मनमानी पर लगाम के लिए तमाम संगठनों को एकजुट होकर किसानों के हितों के लिए लड़ना होगा। यदि किसान व मजदूर वर्ग संगठित व एकजुट नहीं हुआ तो भविष्य खतरे में होगा। किसानों खेती-बाड़ी व मजदूरी को बचाने के लिए संघर्ष करना पड़ेगा। अन्यथा भावी पीढ़ियों का जीना मुश्किल हो जाएगा।
किसान नेता लालचंद भादू ने कहा कि खेती करने वाली कौम को जमीनें बचाने के लिए ललकार भरनी होगी। वरना किसानी व इससे जुड़े वर्ग किस्से व कहानियां केवल इतिहास के पन्ने बनकर को रह जाएंगे। अतः समय के साथ किसानों के हितों के लिए ललकारने भरने वाले संगठनों का साथ व समर्थन करना होगा और संगठित व जागरूक होकर लड़ना पड़ेगा। किसान वर्ग खेती व पशुपालन पर निर्भर पर है और उनके लिए जीवन यापन कर मुश्किल हो गया है। दोनों जीवन यापन के धंधे घाटे वाले साबित हो रहे है। जनवादी महिला समिति के नेत्री सीमा जैन ने कहा कि वर्तमान सरकारों की नीतियां किसान-मजदूर व महिला विरोधी है और पुरुषों के साथ के साथ महिलाओं को भी अपनी खेती-बाड़ी व मजदूरी को बचाने के लिए संगठित व जागरूक होना पड़ेगा। अखिल भारतीय किसान सभा नागौर के जिलाध्यक्ष कामरेड भागीरथ नेतड़ ने कहा कि वर्तमान समय में सरकारी नीतियों के खिलाफ जागरूकता व संगठित होकर गांव-ढ़ाणी लड़ाई लड़नी होगी। वरना बहुअंतर्राष्ट्रीय कंपनियां हमारे हकों पर डाका डालने से नहीं चुकेगी। सरकारों व कंपनियों की किसान विरोधी नीतियों से लड़ने के किसानों दलगत भावनाओं से ऊपर उठकर एकजुट व संगठित होना होगा। कतिपय कारणों से किसानों में बिखराव होता है तो धनाढ्य वर्ग इसका भरपूर फायदा उठाता है और इसमें सरकारी नीतियां के साथ सहयोगी होती है। उन्होंने कहा कि अमेरिका भारत में खेती व डेयरी में उतरेगा तो भारतीय खेती व डेयरी पर बड़ा खतरा उत्पन्न होगा। अमेरिका के व्यापार नीति के आगे भारतीय व्यापार नीति टीक नहीं होगी। सम्मान समारोह में महिला संगठन से जुड़ी शारदा चौधरी, फरजाना ने गांव-गांव संगठन को मजबूत बनाने की बात कही। इस दौरान अखिल भारतीय किसान सभा के तहसील अध्यक्ष भंवरलाल भूंवाल, उपाध्यक्ष रामचंद्र भादू, सीताराम गोदारा, रामरख भादू, निजी शिक्षण संस्था के प्रांतीय अध्यक्ष कोडाराम भादू, पूर्व जिला प्रमुख मेघाराम महिया, नारायण नाथ, सिद्ध, दानाराम भादू, नंदलाल बिहाणी, मोहन गोदारा, भंवरलाल तरड़, मदनलाल प्रजापत आदि समेत तमाम अतिथियों का साफा व माला पहनाकर स्वागत किया गया। इस अवसर पर किसान सभा तहसील कमेटी के सोशल मीडिया प्रभारी रामरख भादू का माला व साफा पहनाकर स्वागत किया गया। किसान सभा के द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में टेऊ, सूडसर, देराजसर, गोपालसर, दुलचासर, कोटासर, दुसारणा, सेरूणा, नारसीसर, जेतासर, सांतलेरां व श्रीडूंगरगढ़ शहर से पदाधिकारी व किसान बड़ी संख्या में पहुंचे और इस दौरान सम्मेलन में पहुंचे सभी किसानों व ग्रामीणों के लिए नव नियुक्त पदाधिकारियों द्वारा अल्पाहार के साथ ही महाप्रसादी की व्यवस्था की गई। किसान सभा के उपाध्यक्ष रामचंद्र भादू व सोशल मीडिया प्रभारी रामरख भादू ने सभी आगंतुकों का आभार जताया। कार्यक्रम का संचालन अशोक शर्मा ने किया।















