समाचार-गढ़ 3 अक्टूबर, 2026।
Rajasthan Panchayat Election 2026:राजस्थान में लंबे समय से प्रतीक्षित पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव का इंतजार आज खत्म होने वाला है। राज्य निर्वाचन आयोग शनिवार दोपहर 3 बजे चुनाव कार्यक्रम जारी करेगा। चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में आचार संहिता लागू हो जाएगी और तबादलों पर भी रोक लग जाएगी। चुनाव प्रक्रिया को 15 नवंबर तक पूरा किए जाने की तैयारी है।
जयपुर। पंचायतीराज चुनाव में ग्राम पंचायत से लेकर जिला परिषद तक बड़ी संख्या में पदों पर चुनाव होगा। पंच और सरपंच के चुनाव बिना पार्टी सिंबल के बैलेट पेपर से होंगे, जबकि जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों का चुनाव पार्टी सिंबल पर ईवीएम से कराया जाएगा। प्रदेश में मतदान चार चरणों में होने की संभावना है।
4.03 करोड़ से ज्यादा मतदाता डालेंगे वोट
पंचायत चुनाव में कुल 4,03,02,005 मतदाता मतदान करेंगे। इनमें 2,08,85,269 पुरुष और 1,94,16,569 महिला मतदाता हैं। यानी प्रति 100 पुरुष मतदाताओं पर करीब 93 महिला मतदाता हैं। 28 पंचायत समितियों में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक है। प्रतापगढ़ और चित्तौड़गढ़ जिला परिषद क्षेत्रों में भी महिला मतदाता पुरुषों से अधिक हैं।
जिला परिषद क्षेत्रों में जयपुर में सबसे अधिक 18,99,794 मतदाता हैं, जबकि जैसलमेर में सबसे कम 4,36,951 मतदाता हैं। पंचायत समितियों में खंडेला में सबसे अधिक 2,24,942 और सामराऊ में सबसे कम 28,599 मतदाता हैं।
एक मतदाता को देने होंगे कुल 4 वोट
पंचायतीराज चुनाव में मतदाताओं को अलग-अलग स्तरों के लिए कुल चार वोट देने होंगे। जिला परिषद और पंचायत समिति के वार्ड सदस्यों का चुनाव ईवीएम से कराया जाएगा, जबकि सरपंच और ग्राम पंचायत के वार्ड पंचों का चुनाव बैलेट पेपर से होगा।
महिलाओं के लिए 50% आरक्षण
पंचायतीराज संस्थाओं में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण लागू है। इसी के तहत बड़ी संख्या में महिला प्रतिनिधि चुने जाएंगे। 14,403 ग्राम पंचायतों में करीब 7,200 सरपंच पद महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। पंचायत समिति स्तर पर 457 प्रधान पदों में से 221 पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं।
SC, ST और OBC के लिए भी आरक्षण
सरपंच पदों में 3,058 पद एसटी, 2,493 पद एससी और 1,961 पद ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं।
बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और सलूंबर में सरपंच के सभी 1,253 पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित हैं। वहीं वार्ड पंचों के 21,962 पद एससी, 19,117 पद एसटी और करीब 15 हजार पद ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में सियासी ताकत की परीक्षा
निकाय चुनाव के बाद अब पंचायतीराज चुनाव ग्रामीण क्षेत्रों में राजनीतिक दलों और स्थानीय नेताओं के लिए अहम चुनावी प्रक्रिया होगी। जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव के बाद जिला प्रमुख और प्रधान चुने जाएंगे। ऐसे में जिला परिषद और पंचायत समिति स्तर के चुनाव भी महत्वपूर्ण होंगे।
इन पदों पर होगा चुनाव
- 41 जिला प्रमुख
- 1,403 जिला परिषद सदस्य
- 457 प्रधान
- 8,245 पंचायत समिति सदस्य
- 14,403 सरपंच
- 1,30,589 वार्ड पंच
जिला परिषद के 1,403 निर्वाचित सदस्य मिलकर 41 जिला प्रमुखों का चुनाव करेंगे, जबकि 8,245 पंचायत समिति सदस्य 457 प्रधानों का चुनाव करेंगे।
आज दोपहर 3 बजे राज्य निर्वाचन आयोग की घोषणा के बाद नामांकन, मतदान और मतगणना की तारीखों समेत चुनाव की पूरी तस्वीर साफ हो जाएगी।








