समाचार-गढ़ 15 अगस्त, 2026।
नई दिल्ली: 80वें स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले से करीब 76 मिनट का संबोधन दिया। अपने भाषण में उन्होंने नक्सलवाद, महिला आरक्षण, युवाओं की AI स्किलिंग, आत्मनिर्भर भारत और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य समेत कई मुद्दों पर बात की।
‘हथियारबंद नक्सल गए, लेकिन दिमागी नक्सल मौजूद’
PM मोदी ने कहा कि हथियारबंद नक्सलवाद काफी हद तक खत्म हो चुका है, लेकिन “दिमागी नक्सल” अब भी समाज को भटकाने और युवाओं को गलत दिशा में ले जाने की कोशिश कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को पहचानकर अलग करना होगा और युवाओं की ऊर्जा को विकसित भारत के निर्माण से जोड़ना होगा।
एक साल में 1 करोड़ युवाओं को AI ट्रेनिंग
प्रधानमंत्री ने युवाओं के लिए बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि सरकार अगले एक साल में 1 करोड़ युवाओं को AI स्किल्स की ट्रेनिंग देगी। गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के छात्रों के लिए कई प्रतियोगी परीक्षाओं की फ्री ऑनलाइन कोचिंग शुरू करने की भी बात कही।
महिला आरक्षण पर पार्टियों से अपील
महिला आरक्षण का जिक्र करते हुए PM मोदी ने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि वे महिलाओं के सम्मान के लिए आगे आएं और महिला आरक्षण को लागू करने में राजनीति से ऊपर उठकर सहयोग करें।
2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाना है। इसके लिए सिर्फ बड़े सपने देखना काफी नहीं, बल्कि वर्क कल्चर और सोच में भी बदलाव लाना होगा। उन्होंने कहा कि जो काम दशकों में नहीं हुए, उन्हें आने वाले कुछ वर्षों में पूरा करने का प्रयास करना होगा।
आत्मनिर्भर भारत पर जोर
PM मोदी ने कहा कि भारत को दूसरे देशों पर निर्भर रहकर आगे नहीं बढ़ना है। दुनिया में चीजें सस्ती और जल्दी मिल सकती हैं, लेकिन इससे देश की अपनी क्षमता विकसित नहीं होती। इसलिए भारत को अपनी क्षमताएं बढ़ाकर अपने हितों की सुरक्षा खुद करने की दिशा में आगे बढ़ना होगा।
लाल किले से पहली बार ‘वंदे मातरम्’
इस बार लाल किले के कार्यक्रम में पहली बार ‘वंदे मातरम्’ का गायन हुआ। इसके बाद प्रधानमंत्री ने तिरंगा फहराया, राष्ट्रगान हुआ और 21 तोपों की सलामी दी गई।
PM मोदी के भाषण का मुख्य संदेश: भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए युवाओं की ताकत, तकनीक, आत्मनिर्भरता और बड़े राष्ट्रीय लक्ष्यों को एक साथ आगे बढ़ाना होगा।












