समाचार गढ़ 18 मार्च 2026। राजस्थान में LPG की कमी का असर अब बिजली व्यवस्था पर भी दिखने लगा है। जयपुर समेत पूरे प्रदेश में इंडेक्शन चूल्हों की बढ़ती बिक्री के चलते बिजली की मांग में अचानक उछाल आया है। खासकर शहरी इलाकों में गर्मी बढ़ने के साथ बिजली की खपत तेजी से बढ़ रही है।
पिछले एक पखवाड़े में राजधानी जयपुर सहित कई शहरों में बिजली की मांग में करीब 5 फीसदी तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आंकड़ों के मुताबिक, जयपुर में एक दिन की बिजली मांग पिछले साल के मुकाबले 35 लाख यूनिट तक ज्यादा रही। हालांकि, फिलहाल मार्च महीने में पर्याप्त बिजली उपलब्ध होने के कारण आपूर्ति में कोई बड़ी समस्या सामने नहीं आई है।
लेकिन आने वाले महीनों को लेकर स्थिति चिंताजनक मानी जा रही है। अप्रैल, मई और जून में भीषण गर्मी और LPG किल्लत के चलते बिजली की मांग और ज्यादा बढ़ने का अनुमान है। इन महीनों में पहले से ही मांग और उपलब्धता के बीच बड़ा अंतर (गैप) मौजूद है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल को पत्र लिखकर सितंबर तक के लिए केंद्रीय पूल से 1500 मेगावाट अतिरिक्त बिजली आवंटन की मांग की है।
वहीं, ऊर्जा राज्यमंत्री के निर्देश पर विभागीय अधिकारियों ने भी तैयारियां तेज कर दी हैं। बिजली की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए पावर परचेज (बिजली खरीद) की प्रक्रिया पर काम शुरू कर दिया गया है, ताकि गर्मियों में संभावित संकट से निपटा जा सके।










