समाचार गढ़, 7 अक्टूबर, श्रीडूंगरगढ़।
धीरदेसर चोटियान गाँव में शराब ठेका बंद करने की मांग को लेकर 35वें दिन भी ग्रामीणों का धरना जारी है। इस आन्दोलन की अगुवाई सामाजिक कार्यकर्ता और एडवोकेट श्याम सुंदर आर्य कर रहे हैं, जो लंबे समय से इस मुद्दे पर ग्रामीणों के साथ शांतिपूर्वक सत्याग्रह कर रहे हैं। आंदोलनकारी शराबबंदी की मांग को लेकर गांव में धरना दे रहे हैं और प्रशासन से ठेका बंद कराने की गुहार लगा रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि शराब की दुकान से गांव के युवाओं पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है, और गांव का माहौल खराब हो रहा है। उनका आरोप है कि शराब के कारण यहां नशे की लत बढ़ रही है, जिससे परिवार टूट रहे हैं और सामाजिक बुराइयां बढ़ रही हैं। इस स्थिति को देखते हुए, ग्रामीण पिछले 35 दिनों से शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और ठेका बंद कराने की मांग पर अडिग हैं।
धरना स्थल पर उपस्थित ग्रामीणों ने सरकार और प्रशासन के रवैये पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सरकार और प्रशासन दोनों ही मूकदर्शक बने हुए हैं और उनकी मांगों को अनदेखा कर रहे हैं। धरनार्थियों का कहना है कि उनकी सहनशक्ति की परीक्षा ली जा रही है, लेकिन वे अपने सत्याग्रह को तब तक जारी रखेंगे जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि अगर उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो वे आन्दोलन को और तेज करेंगे। आज धरने पर एडवोकेट श्याम सुंदर आर्य, वार्डपंच मुन्नीराम, किशन चोटिया, बीरबलराम, ओमप्रकाश, हजारीप्रसाद, एडवोकेट बजरंगलाल, मन्नीराम, नोरंगलाल, लेखराम, सीताराम, रुपाराम सांसी, मुन्नीराम, राकेश, श्यामसिंह आदि धरने पर बैठे।




















