Nature Nature

देश में फिर से बढ़ा कोरोना का खतरा: एक्टिव केस 58 गुना बढ़े, 29 राज्यों तक फैला संक्रमण

Nature

समाचार गढ़, 6 जून 2025।
कोरोना वायरस एक बार फिर देश में अपने पैर पसार रहा है। स्वास्थ्य विभाग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, पिछले बीस दिनों में कोविड-19 के एक्टिव मामलों में 58 गुना इजाफा हुआ है। 16 मई को जहां केवल 93 मरीज सक्रिय थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 5364 हो चुकी है। संक्रमण की चपेट में अब 29 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश आ चुके हैं।

बीते 24 घंटे में 500 नए मामलों की पुष्टि हुई है। केरल सर्वाधिक प्रभावित राज्य बना हुआ है, जहां 1679 एक्टिव केस दर्ज हैं। इसके बाद गुजरात में 615, पश्चिम बंगाल में 596, दिल्ली में 592 और महाराष्ट्र में 548 सक्रिय मरीज हैं।

कोरोना के नए वैरिएंट्स की वजह से अब तक 55 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें से 53 मौतें केवल पिछले 15 दिनों में हुई हैं। गुरुवार को दिल्ली में दो और मौतें दर्ज की गईं, जिनमें एक पांच महीने का शिशु भी शामिल है। वहीं, केरल में 2, कर्नाटक और पंजाब में 1-1 तथा महाराष्ट्र में सर्वाधिक 17 मरीजों की मौत हुई है।

ओडिशा में गर्मी की छुट्टियों के बाद स्कूलों को कोविड गाइडलाइंस के तहत खोला गया है। राज्य के शिक्षा मंत्री नित्यानंद गोंड ने बताया कि हल्के लक्षण वाले छात्रों के लिए मास्क पहनना अनिवार्य किया गया है, जबकि गंभीर लक्षण वाले छात्रों को घर में आइसोलेशन में रहने की सलाह दी गई है।

भारत में कोविड की मौजूदा लहर में चार नए वैरिएंट्स की पहचान हुई है — LF.7, XFG, JN.1, और NB.1.8.1। ICMR के निदेशक डॉ. राजीव बहल ने बताया कि ये वैरिएंट मुख्यतः दक्षिण और पश्चिम भारत से सामने आए हैं। देशभर से लिए जा रहे नमूनों की जीनोमिक सीक्वेंसिंग जारी है ताकि वैरिएंट्स की स्पष्ट पहचान की जा सके।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इन वैरिएंट्स को फिलहाल चिंताजनक श्रेणी में नहीं रखा है, लेकिन निगरानी योग्य वैरिएंट्स की सूची में जरूर शामिल किया गया है। चीन समेत एशिया के अन्य देशों में भी यही वैरिएंट्स तेजी से फैलते देखे गए हैं।

विशेषज्ञों के मुताबिक, NB.1.8.1 में मौजूद A435S, V445H और T478I जैसे स्पाइक म्यूटेशन इसे और अधिक संक्रामक बनाते हैं और पहले से विकसित इम्यूनिटी को भी मात देने में सक्षम हैं। भारत में वर्तमान में सबसे ज्यादा फैलाव JN.1 वैरिएंट का है, जो आधे से अधिक नमूनों में पाया गया है। इसके बाद BA.2 (26%) और ओमिक्रॉन सबलाइनेज (20%) का स्थान है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने जनता से चिंता नहीं, बल्कि सतर्कता बरतने की अपील की है। मास्क का उपयोग, भीड़ से बचाव और हल्के लक्षणों पर तुरंत जांच की सलाह दी गई है।

Related Posts

115 जंग, 44 बार तबाही… फिर भी नहीं मिटा ये शहर! राख से उठकर आज दुनिया को दे रहा जिंदगी का सबक

समाचार-गढ़ 30 अगस्त, 2026। बारूद पर उगा शहर तबाहियों का भी अपना एक इतिहास होता है। आज की दुनिया लगातार युद्धों को झेल रही है। गाजा से लेकर यूक्रेन तक…

1 सितंबर से बदलने वाला है बहुत कुछ! LPG, कारों की कीमत से लेकर एयरपोर्ट तक… जानें किन नियमों का पड़ेगा सीधा असर

समाचार-गढ़ 30 अगस्त, 2026। नई दिल्ली: हर महीने की शुरुआत के साथ कुछ ऐसे नियम और कीमतें बदलती हैं, जिनका सीधा असर आम लोगों की जेब और रोजमर्रा की जिंदगी…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed

115 जंग, 44 बार तबाही… फिर भी नहीं मिटा ये शहर! राख से उठकर आज दुनिया को दे रहा जिंदगी का सबक

115 जंग, 44 बार तबाही… फिर भी नहीं मिटा ये शहर! राख से उठकर आज दुनिया को दे रहा जिंदगी का सबक

1 सितंबर से बदलने वाला है बहुत कुछ! LPG, कारों की कीमत से लेकर एयरपोर्ट तक… जानें किन नियमों का पड़ेगा सीधा असर

1 सितंबर से बदलने वाला है बहुत कुछ! LPG, कारों की कीमत से लेकर एयरपोर्ट तक… जानें किन नियमों का पड़ेगा सीधा असर

जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में इस साल नहीं होगा वोटर लिस्ट रिविजन! अगले साल शुरू हो सकती है बड़ी प्रक्रिया

जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में इस साल नहीं होगा वोटर लिस्ट रिविजन! अगले साल शुरू हो सकती है बड़ी प्रक्रिया

सुरंगों में फंसी 898 जिंदगियां, 6 इंच के छेद से पहुंचाई जा रही हवा; नेपाल में बाढ़ से 768 मौतें

सुरंगों में फंसी 898 जिंदगियां, 6 इंच के छेद से पहुंचाई जा रही हवा; नेपाल में बाढ़ से 768 मौतें

राजस्थान निकाय चुनाव में टिकट को लेकर घमासान! कहीं चप्पल उठी तो कहीं नेताओं में हुई गाली-गलौज

राजस्थान निकाय चुनाव में टिकट को लेकर घमासान! कहीं चप्पल उठी तो कहीं नेताओं में हुई गाली-गलौज

E20 Petrol पर 31 अगस्त को बड़ा अपडेट! सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई, गाड़ी मालिकों के लिए क्या उठी मांग?

E20 Petrol पर 31 अगस्त को बड़ा अपडेट! सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई, गाड़ी मालिकों के लिए क्या उठी मांग?
Social Media Buttons
error: Content is protected !!
Verified by MonsterInsights