लिखमादेसर में राम कथा का भावुक सातवां दिन: भरत के त्याग प्रसंग ने श्रद्धालुओं को किया भाव-विभोर
समाचार गढ़ 15 अप्रैल 2026, श्रीडूंगरगढ़। तहसील के गांव लिखमादेसर में चल रही संगीतमय श्री राम कथा के सातवें दिन भक्ति और भावनाओं का अद्भुत संगम देखने को मिला। पूनमचंद रामनिवास तिवाड़ी परिवार के सान्निध्य में आयोजित इस भव्य कथा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी।
कथा के दौरान जैसे ही कथा वाचक दंडी स्वामी श्री शिवेंद्राश्रम जी महाराज ने श्रीराम-भारद्वाज मिलन, भरत के त्याग और चित्रकूट प्रस्थान का प्रसंग सुनाया, पूरा पांडाल भाव-विभोर हो उठा। भरत जी के त्याग, भाई प्रेम और मर्यादा की मार्मिक कथा सुनकर कई श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। महाराज श्री की ओजस्वी वाणी ने ऐसा वातावरण बनाया कि हर ओर “जय श्री राम” के जयकारे गूंज उठे।
कथा स्थल पर माहौल ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो चित्रकूट का दृश्य सजीव हो उठा हो। श्रद्धालु भक्ति में लीन होकर झूमते नजर आए, वहीं महिलाओं ने भजनों पर भावपूर्ण सहभागिता निभाई।
इस अवसर पर गौ सेवा के लिए श्री कृष्ण गोपाल गौशाला ट्रस्ट, लिखमादेसर में दानदाताओं ने खुलकर सहयोग किया। विभिन्न श्रद्धालुओं द्वारा कुल लगभग 7 लाख रुपये का योगदान दिया गया, जिसमें बाबूलाल विकास कुमार बोथरा ने 1 लाख रुपये, संतोष चंद बैद व पुरुषोत्तम सुखलाल जैसनसरिया ने 51-51 हजार रुपये सहित कई दानदाताओं ने उदार सहयोग दिया।
आयोजकों द्वारा यातायात, भोजन और प्रसाद की उत्तम व्यवस्था की गई। कथा के अंत में आरती और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ, लेकिन श्रद्धालुओं के मन में भक्ति की ज्योति और अधिक प्रज्वलित हो गई।
इस अवसर पर भंवरनाथ ज्याणी, पूर्व विधायक अशोक पींचा, बाबूलाल कंदोई, शोभाकांत स्वामी, दुर्गाराम पारीक, विद्याधर पारीक, सुरेश तिवाड़ी, ओमप्रकाश सिद्ध, देवीलाल तिवाड़ी, पवन पारीक, ऋतिक तिवाड़ी, राजीव व्यास, मनोज पारीक, मांगीलाल जोशी सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कथा का संचालन गिरधारीलाल पारीक ने किया।
















