समाचार गढ़ 22 अप्रैल 2026। उत्तराखंड स्थित चारधाम यात्रा पर जाने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए स्वास्थ्य विभाग ने महत्वपूर्ण हेल्थ एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने यात्रियों को सुरक्षित और सुगम यात्रा के लिए कई जरूरी दिशा-निर्देश दिए हैं।
निदेशक जन-स्वास्थ्य डॉ. रवि प्रकाश शर्मा ने बताया कि ऊंचे हिमालयी क्षेत्रों में अत्यधिक सर्दी, कम ह्यूमिडिटी, तेज अल्ट्रा वायलेट रेडिएशन, कम वायुदाब और ऑक्सीजन की कमी के कारण स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। ऐसे में यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी यात्रा कम से कम 7 दिनों के लिए प्लान करें, ताकि शरीर वातावरण के अनुरूप ढल सके।
एडवाइजरी के अनुसार, पैदल या ऑटोमोबाइल से चढ़ाई करने वाले यात्रियों को हर 1 से 2 घंटे में कम से कम 5 से 10 मिनट का ब्रेक लेना चाहिए। इसके साथ ही रोजाना 5-10 मिनट श्वास व्यायाम और 20-30 मिनट टहलना भी जरूरी बताया गया है।
इन यात्रियों के लिए विशेष सावधानी
बुजुर्गों और हृदय रोग, अस्थमा, उच्च रक्तचाप व मधुमेह जैसी बीमारियों (कोमॉर्बिडिटी) से पीड़ित यात्रियों को यात्रा से पहले जरूरी स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी गई है। डॉक्टर से फिटनेस प्रमाण मिलने के बाद ही यात्रा पर जाने की बात कही गई है।
जरूरी सामान साथ रखें
यात्रियों को गर्म कपड़े, रेनकोट, छाता, पल्स ऑक्सीमीटर और थर्मामीटर साथ रखने की सलाह दी गई है। साथ ही, जिन लोगों को पुरानी बीमारियां हैं, वे अपनी नियमित दवाइयां, जांच उपकरण और डॉक्टर का संपर्क नंबर साथ रखें।
लक्षण दिखने पर तुरंत लें मदद
चिकित्सा विभाग के सहायक निदेशक डॉ. अमित शुक्ला ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा संचालित टोल फ्री नंबर 104 पर कॉल कर तत्काल चिकित्सा सहायता प्राप्त की जा सकती है। यदि किसी यात्री को सांस लेने में दिक्कत, लगातार खांसी, चक्कर आना, चलने में कठिनाई, उल्टी या शरीर के किसी हिस्से में कमजोरी या सुन्नता जैसे लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें या हेल्पलाइन की मदद लें।
स्वास्थ्य विभाग ने सभी यात्रियों से अपील की है कि वे इन दिशा-निर्देशों का पालन कर अपनी यात्रा को सुरक्षित और स्वस्थ बनाएं।















